Azamgarh news:27 साल पुराने मुबारकपुर शिया-सुन्नी दंगे के हत्या केस में 12 दोषियों को उम्रकैद

शेयर जरूर कीजिए.

Azamgarh news:जनपद के मुबारकपुर थाना क्षेत्र में वर्ष 1999 में हुए शिया-सुन्नी विवाद के दौरान हुई हत्या के मामले में जिला एवं सत्र न्यायाधीश जय प्रकाश पांडेय की अदालत ने बड़ा फैसला सुनाते हुए 12 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। प्रत्येक दोषी पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।

अभियोजन के अनुसार वादी नासिर हुसैन ने 30 अप्रैल 1999 को मुबारकपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसके चाचा अली अकबर 27 अप्रैल 1999 से लापता हैं। 28 अप्रैल को उनके पुत्र जैगम ने गुमशुदगी दर्ज कराई। 30 अप्रैल को राजा भाट के पोखरे से अली अकबर का सिर कटा शव बरामद हुआ।

विवेचना में सामने आया कि मोहर्रम के जुलूस से लौटते समय कुछ लोगों ने अली अकबर की मारपीट कर हत्या कर दी थी। पुलिस ने हुसैन अहमद, मोहम्मद अयूब फैजी, फहीम अख्तर, असरार अहमद, मोहम्मद याकूब, अली जहीर, इरशाद, मोहम्मद असद, अफजल, अलाउद्दीन, दिलशाद तथा वसीम के विरुद्ध आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया था। मुकदमे के दौरान चार आरोपियों की मृत्यु हो गई थी।

Join Us

अभियोजन पक्ष की ओर से डीजीसी फौजदारी प्रियदर्शी पियूष त्रिपाठी एवं एडीजीसी दीपक कुमार मिश्रा ने नौ गवाह पेश किए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने सभी 12 आरोपियों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई।

Leave a Comment