Azamgarh News:हरिऔध कला केन्द्र, आजमगढ़ में आज भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय, लखनऊ के संघटक हरिहरपुर संगीत महाविद्यालय द्वारा लोकगीत एवं ढोलक की छः दिवसीय नि:शुल्क कार्यशाला का शुभारम्भ हुआ। इस कार्यशाला का उद्घाटन मुख्य कोषाधिकारी श्री अनुराग कुमार श्रीवास्तव ने माँ सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
कार्यशाला में प्रतिभागियों को लोकगीत का प्रशिक्षण प्रसिद्ध प्रशिक्षक श्री संजय श्रीवास्तव द्वारा और ढोलक का प्रशिक्षण श्री प्रभात कुमार दीक्षित द्वारा दिया जाएगा। यह कार्यशाला दिनांक 20 जनवरी 2025 से 25 जनवरी 2025 तक हरिऔध कला केन्द्र परिसर में संचालित रहेगी।
इस अवसर पर भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय, लखनऊ से नामित अनुदेशक श्री मधुकर तिवारी, महाविद्यालय के प्रशिक्षक श्री अर्पित मिश्रा, सुश्री श्रेया चित्रांशी, श्री सूरज मिश्रा और श्री सन्तोष मिश्रा ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यशाला के सफल आयोजन में जिला पर्यटन एवं संस्कृति परिषद के सचिव श्री रूपेश कुमार गुप्ता और उनके सहयोगी कर्मचारियों का विशेष योगदान रहा।
सूचना एवं सहयोग:
इस कार्यक्रम के प्रचार-प्रसार हेतु जिला सूचना अधिकारी से अनुरोध किया गया है कि इस कार्यशाला की जानकारी बहुपठनीय राष्ट्रीय और स्थानीय समाचार पत्रों में नि:शुल्क प्रकाशित की जाए।
कार्यशाला का उद्देश्य:
इस कार्यशाला का उद्देश्य लोकगीत और ढोलक जैसी भारतीय परंपराओं को प्रोत्साहन देना और नए प्रतिभागियों को इन कलाओं में प्रशिक्षित करना है।
कार्यशाला में बड़ी संख्या में संगीत प्रेमियों की भागीदारी की उम्मीद है। यह पहल सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण और प्रोत्साहन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
यह भी पढ़ें–
- प्रो. बजरंग त्रिपाठी सैनिक स्कूल में प्रथम शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ, प्रतिमा का हुआ अनावरण
- ऑपरेशन कनविक्शन: अवैध तमंचा और कारतूस रखने के मामले में आरोपी को 34 दिन के कारावास व जुर्माना
- विश्वकर्मा श्रम-सम्मान योजना: आजमगढ़ में 1200 पारंपरिक कारीगरों को मिलेगा प्रशिक्षण और आधुनिक टूलकिट, 20 जुलाई तक करें आवेदन
- आजमगढ़:नई किरण’ प्रोजेक्ट से 4 बिखरते परिवारों को मिला नया जीवन, आपसी समझौते से सुलझे विवाद
- पॉक्सो एक्ट के आरोपी को पवई पुलिस ने 24 घंटे के भीतर किया गिरफ्तार